*भव्यता, श्रद्धा और शांति का महासंगम: जौनपुर में बुद्ध पूर्णिमा पर निकली ऐतिहासिक शोभायात्रा*

*भव्यता, श्रद्धा और शांति का महासंगम: जौनपुर में बुद्ध पूर्णिमा पर निकली ऐतिहासिक शोभायात्रा*
रिपोर्टर, सुरेश कुमार शर्मा 

जौनपुर , 1 मई 2026

विगत 25 वर्षों की गौरवशाली परंपरा को आगे बढ़ाते हुए इस वर्ष भी बुद्ध पूर्णिमा के पावन अवसर पर जौनपुर की धरती पर आस्था, श्रद्धा और मानवता का अद्भुत संगम देखने को मिला। भगवान शाक्य मुनि तथागत गौतम बुद्ध के जीवन और उपदेशों पर आधारित भव्य शोभायात्रा ने पूरे शहर को शांति और सद्भाव के रंग में रंग दिया।

भण्डारी रेलवे स्टेशन से प्रारंभ हुई यह ऐतिहासिक शोभायात्रा अहियापुर मोड़, सुतहटी चौराहा, कोतवाली चौराहा, चहारसू चौराहा, शाही पुल, ओलंदगंज चौराहा, जोगियापुर और कलेक्ट्री तिराहा जैसे प्रमुख मार्गों से गुजरते हुए बौद्ध विहार, खरका कॉलोनी, लाइन बाजार थाना के सामने स्थित बुद्ध मंदिर पहुंची।

हर कदम पर दिखा श्रद्धा का सैलाब शोभायात्रा में शामिल हजारों की संख्या में श्रद्धालु महिलाएं, पुरुष और बच्चे अपने हाथों में पंचशील के झंडे लिए हुए "बुद्धं शरणं गच्छामि, धम्मं शरणं गच्छामि, संघं शरणं गच्छामि" के मधुर और गूंजते स्वर से पूरे शहर को आध्यात्मिक ऊर्जा से भरते नजर आए।

 झांकियों ने बयां की बुद्ध की दिव्य गाथा तथागत गौतम बुद्ध के जीवन के विभिन्न प्रसंगों को दर्शाती मनमोहक झांकियों ने लोगों का दिल जीत लिया। हर झांकी में करुणा, त्याग और सत्य का संदेश स्पष्ट झलक रहा था। जिसने दर्शकों को भावविभोर कर दिया।

 विश्व शांति की कामना के साथ हुआ समापन बुद्ध मंदिर में पहुंचकर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गई तथा विश्व शांति, मानव कल्याण और आपसी भाईचारे की मंगल कामनाएं की गईं। कार्यक्रम के अंत में श्रद्धालुओं के बीच खीर वितरण कर प्रसाद ग्रहण कराया गया।

पूरा शहर बना शांति का संदेशवाहक यह शोभायात्रा केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि मानवता, अहिंसा और प्रेम का सशक्त संदेश बनकर उभरी। जौनपुर की यह ऐतिहासिक परंपरा आज भी देश और दुनिया को यह सिखा रही है। कि शांति ही सबसे बड़ी शक्ति है।

 बुद्ध का संदेश,अहिंसा, करुणा और सत्य आज भी उतना ही प्रासंगिक है। जितना हजारों वर्ष पहले था।

जौनपुर की यह झांकी नहीं, बल्कि शांति की क्रांति है। जिसने हर दिल को छू लिया और पूरे देश को झूमने पर मजबूर कर दिया। 

इस मौके पर उपस्थित रहे। अध्यक्ष दिनेश कुमार उर्फ दादा, सचिव नरसिंह मौर्य, संरक्षक पूर्व ग्राम प्रधान रामसूरत मौर्य उर्फ तेजू, नगर पालिका अध्यक्ष मनोरमा मौर्या, श्याम लाल मौर्य, महेंद्र मौर्य, दूधनाथ मौर्य, उमेश चन्द्र मौर्य,राम जियावन मौर्य, सन्तोष कुमार मौर्य उर्फ मुन्ना, डॉ रामआसरे मौर्य, रणजीत मौर्य एवं क्षेत्र के तमाम गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

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