*ब्राह्मण को दोषी क्यों बनाया जा रहा*
*ब्राह्मण को दोषी क्यों बनाया जा रहा* आज कल भारत में एक कहानी गजब मिर्च मसाला लगाकर लोगों को सुनाई जा रही है।और जो कम पढ़े लिखे निरक्षर हैं उनकी तो बात छोड़िए क्योंकि वो तो भोले और सरल हैं। उन्हें तो कोई भी तीन पाॅंच पढ़ा सकता है।इस गजब की कहानी को पढ़े लिखे खूब तन्मयता से सुन रहे हैं और उस पर अमल भी कर रहे हैं।पढ़ लिख तो लिए मगर अज्ञानता इनका पीछा नहीं छोड़ रही।जिसका नतीजा ए है कि ए आज भी वहीं हैं जहाॅं कल थे।ए तब भी औरों की ही बात सुनते थे,अब भी औरों की ही सुनते हैं।किसी बात को सुनते हैं,उसे गुनते नहीं।इसीलिए ए लोग प्रगति के पथ से कोसों दूर आज भी हैं। कोई एक सयाना इनके समाज से या इनके समाज के सहारे आगे बढ़ने की चाह लिए,इनको झूठ की कहानी सुनाता है।वो कहानी कुछ यूॅं है कि तुम्हारी इस दशा का जिम्मेदार ब्राह्मण है। ब्राह्मण ही मनुस्मृति की ऋचाओं के हिसाब से देश चलाया।और तुम्हें अछूत बनाया।तुमसे मैला ढुलवाया तुम्हें पढ़ने नहीं दिया।आदि आदि।साथ दो चार गालियाॅं मिला दिया।स्वाद बढ़ाने के लिए।अब ए लोग पढ़े तो,मगर वो चीज नहीं पढ़े जो उपरोक्त ...