मानवीय एवं सामाजिक सेवा के लिए संजय जीवनलाल शाह एवं अल्पा संजय शाह सम्मानित
मानवीय एवं सामाजिक सेवा के लिए संजय जीवनलाल शाह एवं अल्पा संजय शाह सम्मानित
मुंबई। ग्लोबल पीस काउंसिल, लंदन हेराल्ड इंटरनेशनल मैगजीन, इंटरनेशनल ह्यूमन राइट्स एम्बेसडर्स ऑर्गनाइजेशन (IHRAO) तथा क्राइम प्रिवेंशन एंटी करप्शन कमेटी के संयुक्त तत्वावधान में मुंबई के मेयर हॉल, अंधेरी (पश्चिम) में “नेल्सन मंडेला नोबेल शांति पुरस्कार 2026” का भव्य, गरिमामय एवं प्रेरणादायी आयोजन संपन्न हुआ। समारोह में देश-विदेश से आए प्रतिष्ठित उद्योगपति, शिक्षाविद, समाजसेवी, मानवाधिकार कार्यकर्ता, युवा उद्यमी एवं विभिन्न क्षेत्रों की विशिष्ट हस्तियों ने सहभागिता कर कार्यक्रम की गरिमा को बढ़ाया। यह प्रतिष्ठित सम्मान समारोह उन व्यक्तित्वों को समर्पित रहा, जिन्होंने समाजसेवा, मानवाधिकार, शिक्षा, संस्कृति, आध्यात्मिकता, उद्यमिता एवं सामाजिक उत्थान के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देकर समाज के लिए प्रेरणादायी उदाहरण प्रस्तुत किए हैं। इसी क्रम में संजय जीवनलाल शाह एवं अल्पा संजय शाह (उपाध्यक्ष, महिला विभाग) को समाज, शिक्षा, धर्म एवं मानव सेवा के क्षेत्र में उनके दीर्घकालीन, समर्पित एवं अनुकरणीय योगदान के लिए “नेल्सन मंडेला नोबेल शांति पुरस्कार 2026” से सम्मानित किया गया। उन्हें प्रशस्ति-पत्र एवं स्मृति चिह्न प्रदान कर उनके सेवा-भाव, नेतृत्व क्षमता एवं सामाजिक प्रतिबद्धता का सम्मान किया गया।
गौरतलब हो कि संजय जीवनलाल शाह वर्षों से धार्मिक, शैक्षणिक, सामाजिक एवं मानवीय गतिविधियों के माध्यम से समाज को सशक्त बनाने में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। वहीं अल्पा संजय शाह महिला सशक्तिकरण, सामाजिक जागरूकता एवं सेवा कार्यों में निरंतर उल्लेखनीय योगदान दे रही हैं। दोनों का यह सम्मान उनके जनकल्याण के प्रति समर्पण एवं समाजहित में किए गए उत्कृष्ट कार्यों का राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर मिला महत्वपूर्ण सम्मान है। इस अवसर पर इंटरनेशनल ह्यूमन राइट्स एम्बेसडर्स ऑर्गनाइजेशन के अंतर्राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अविनाश डी. साकुंडे, राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अफसर कुरैशी तथा राष्ट्रीय कार्याध्यक्ष राजेश उपाध्याय सहित अनेक गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। सभी अतिथियों ने सम्मानित विभूतियों के कार्यों की सराहना करते हुए उन्हें समाज के लिए प्रेरणास्रोत बताया। अपने संबोधन में आयोजकों ने कहा कि “नेल्सन मंडेला नोबेल शांति पुरस्कार” केवल सम्मान प्रदान करने का मंच नहीं, बल्कि मानवता, शांति, सामाजिक समरसता, समानता, न्याय और वैश्विक भाईचारे के मूल्यों को सशक्त बनाने का एक प्रभावशाली अभियान है। ऐसे आयोजन समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने वाले व्यक्तित्वों को प्रोत्साहित करते हैं तथा नई पीढ़ी को सेवा और राष्ट्र निर्माण के लिए प्रेरित करते हैं। कार्यक्रम के दौरान नेल्सन मंडेला के प्रेरक विचारों का स्मरण करते हुए उनका प्रसिद्ध संदेश साझा किया गया। जीवन का महत्व केवल इस बात में नहीं है कि हमने कितना समय जिया, बल्कि इस बात में है कि हमने दूसरों के जीवन में कितना सकारात्मक परिवर्तन लाया। यही हमारे जीवन की वास्तविक पहचान है।”
समारोह का समापन विश्व शांति, मानवाधिकारों की रक्षा, सामाजिक समरसता, सेवा एवं इंसानियत के मूल्यों को अपनाने तथा एक न्यायपूर्ण एवं शांतिपूर्ण समाज के निर्माण के सामूहिक संकल्प के साथ हुआ। यह आयोजन सेवा, सम्मान, प्रेरणा और मानवता के आदर्शों को समर्पित एक अविस्मरणीय एवं ऐतिहासिक अवसर सिद्ध हुआ।
Comments
Post a Comment