मुंबई में जनजीवन और स्थिति पूरी तरह नियंत्रित : मंगल प्रभात लोढा

मुंबई में जनजीवन और स्थिति पूरी तरह नियंत्रित : मंगल प्रभात लोढा
मुंबई। पिछले दो-तीन दिनों से मुंबई में हो रही भारी बारिश के बीच मुंबई में जनजीवन और स्थिति पूरी तरह से नियंत्रण में है। संकट के इस समय में मुंबईकरों द्वारा प्रशासन को दिया गया सहयोग अत्यंत बहुमूल्य है, यह प्रतिपादन मंत्री मंगल प्रभात लोढा ने आज किया। वे मुंबई महानगरपालिका के आपदा प्रबंधन नियंत्रण कक्ष (Disaster Management Center) का प्रत्यक्ष दौरा कर स्थिति की समीक्षा करने के बाद मीडिया से बात कर रहे थे। इस अवसर पर सदन के नेता गणेश खणकर, महानगरपालिका आयुक्त श्रीमती अश्विनी भिडे (IAS), अतिरिक्त महानगरपालिका आयुक्त (शहर) श्रीमती प्राजक्ता वर्मा - लवंगारे (IAS), अतिरिक्त महानगरपालिका आयुक्त (पूर्वी उपनगर) अविनाश ढाकणे (IAS), उपायुक्त (स्वास्थ्य) शरद उघडे और महानगरपालिका के संबंधित वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। मंत्री मंगल प्रभात लोढा ने स्थिति पर प्रकाश डालते हुए कहा कि जैसा कि माननीय मुख्यमंत्री ने विधानसभा में उल्लेख किया था, यह प्रकृति का एक बड़ा प्रकोप है और यह एक अभूतपूर्व स्थिति है। शहर में एक ही दिन में ३५० से अधिक पेड़ों के उखड़ने की घटना हुई। हालांकि, ऐसी कठिन परिस्थितियों में भी महानगरपालिका का आपदा प्रबंधन विभाग और सरकारी तंत्र अत्यंत तीव्र गति से और युद्ध स्तर पर सड़कों से पेड़ हटाने और जलभराव को दूर करने के काम में जुटा हुआ है। नागरिकों, विशेषकर लंबी दूरी की यात्रा करने वालों को किसी भी तरह की असुविधा न हो, इसके लिए प्रशासन ने अत्यंत सतर्कता के साथ कदम उठाए हैं। एक आवश्यक एहतियाती उपाय के रूप में सुबह के सत्र में स्कूलों और कॉलेजों में छुट्टी घोषित की गई और उसके बाद दोपहर के सत्र में सरकारी कार्यालयों को भी छुट्टी दे दी गई, ताकि यात्री सुरक्षित अपने घर पहुंच सकें। मंत्री लोढा ने अत्यंत सकारात्मकता व्यक्त करते हुए कहा कि इतने बड़े संकट के बाद भी मुंबई कहीं भी थमी नहीं है। एहतियाती उपायों के कारण लोकल ट्रेनों की गति थोड़ी धीमी जरूर है, लेकिन रेल यातायात पूरी तरह से चालू है। सड़कों पर जमा पानी और गिरे हुए पेड़ों को पूरी तरह से साफ कर दिया गया है और सड़कों को यातायात के लिए खोल दिया गया है।
पिछले तीन दिनों से महानगरपालिका के अधिकारी और कर्मचारी दिन-रात एक कर ऑन-फील्ड काम कर रहे हैं। संकट के समय में राजनीति न करते हुए हम सभी को प्रशासन के साथ खड़ा होना चाहिए और उनके इस निरंतर परिश्रम की सराहना (Appreciation) करनी चाहिए," ऐसा आह्वान मंत्री लोढा ने इस अवसर पर किया। उन्होंने आगे कहा कि ९० किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार सभी को व्हाट्सएप के माध्यम से सतर्कता के संदेश भेज दिए गए हैं, और आगामी किसी भी स्थिति का सामना करने के लिए संपूर्ण प्रशासनिक तंत्र पूरी तरह तैयार है।

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