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*संस्कारों का खोखलापन*डॉ त्रिलोकचंद फतेहपुरी*

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*संस्कारों का खोखलापन* डॉ त्रिलोकचंद फतेहपुरी*        सनातन संस्कृति में संस्कारों को अत्यधिक महत्त्व दिया गया है । संस्कार किसी भी व्यक्ति के वे  अच्छे गुण ,  विचार ,  आदतें और नैतिक मूल्य होते हैं जो उसे उसके परिवार और समाज से मिलते हैं ।  वैसे सनातन संस्कृति में जन्म से लेकर मृत्यु तक के  षोडश संस्कारों की प्रायः चर्चा की जाती रही है ,  जिसमें - गर्भाधान, पुंसवन,  सीमंतोन्नयन , जातकर्म ,  नामकरण , निष्क्रमण , अन्नप्राशन , चूड़ाकर्म , कर्ण वेध,  विद्या आरंभ,  उपनयन , केशांत , समावर्तन , विवाह और अंत्येष्टि शामिल हैं । वही संस्कार व्यक्ति के चरित्र और व्यक्तित्व को सही दिशा व आकार प्रदान करते हैं । संस्कार ही व्यक्ति के व्यक्तित्व को बेहतर और उपयोगी बनाते हैं । सुधार ,  सजावट ,  शुद्धिकरण आदि भी संस्कार के पर्याय हो सकते हैं । सभी व्यक्ति अपनी संतान को संस्कार देकर  विनम्र , सुसभ्य , सुशिक्षित , सदाचारी , संवेदनशील बनाना चाहते हैं । संस्कारों की सार्थकता भी यही है -  बड़ों का सम्मान कर...

कवयित्री ख़ुशी सिंह ने एडीसीपी जितेन्द्र कुमार दुबे को पुस्तकें भेंट की

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कवयित्री ख़ुशी सिंह ने एडीसीपी जितेन्द्र कुमार दुबे को पुस्तकें भेंट की लखनऊ, 10 जुलाई 2026। हजरतगंज कोतवाली में शुक्रवार को सिकंदरा, आगरा निवासी कवयित्री ख़ुशी सिंह अपने पति विवेक सिंह के साथ कवि एवं पुलिस अधिकारी जितेन्द्र कुमार दुबे से शिष्टाचार भेंट करने पहुंची।   एसीपी कृष्णानगर अभिषेक कुमार पाण्डेय की गरिमामयी उपस्थिति में कवयित्री ख़ुशी सिंह ने जौनपुर के साहित्यकार रामजीत मिश्र की कृतियाँ 'बेटे का विवाह' एवं 'मार्मिक कथाएँ' एडीसीपी जितेन्द्र कुमार दुबे को भेंट कीं। भेंटवार्ता के दौरान साहित्य, समाज और सृजनधर्मिता से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा हुई तथा साहित्यिक संवाद को आगे बढ़ाने की आवश्यकता पर भी विचार-विमर्श किया गया।

दिल्ली अधीनस्थ सेवा चयन बोर्ड द्वारा आयोजित प्रवक्ता हिन्दी पद पर शोध छात्रा कविता चौरसिया का प्रथम रैंक के साथ हुआ चयन

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दिल्ली अधीनस्थ सेवा चयन बोर्ड द्वारा आयोजित प्रवक्ता हिन्दी पद पर शोध छात्रा कविता चौरसिया का प्रथम रैंक के साथ हुआ चयन  प्रयागराज। दिल्ली अधीनस्थ सेवा चयन बोर्ड द्वारा आयोजित प्रवक्ता हिन्दी भर्ती परीक्षा में रोल नंबर 248241202003232 की अभ्यर्थी कविता चौरसिया ने प्रथम रैंक प्राप्त कर उल्लेखनीय सफलता अर्जित की है। मूल रूप से इब्राहीमपुर, पट्टी, जनपद प्रतापगढ़ की निवासी कविता चौरसिया वर्तमान में , प्रयागराज के हिन्दी विभाग में विभागाध्यक्ष प्रोफेसर भूरेलाल के मार्गदर्शन में शोध कार्य कर रही हैं। वह स्नातक में स्वर्ण पदक प्राप्त कर चुकी हैं। अपनी सफलता का श्रेय कविता चौरसिया ने अपने पारिवारिक सदस्यों के साथ माता-पिता, पतिदेव तथा टेलीग्राम  के सहपाठियों डाॅ. वंदना, डाॅ. रेखा पंत, अश्वनी तिवारी, ममता वर्मा, रेखा पटेल, खुशी, पंकज यादव, सोनी, श्रेयशी, मोनिका तिवारी एवं सीमा, हनुमान चौरसिया, बृजेश चौरसिया एवं अच्छे लाल चौरसिया को दिया।इस अवसर पर परिजनों, मित्रों और शुभचिंतकों ने कविता चौरसिया को उज्ज्वल भविष्य के लिए हार्दिक बधाई दीं।

हिन्दी प्रवक्ता पद पर आरक्षी आराधना का हुआ चयन

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हिन्दी प्रवक्ता पद पर आरक्षी आराधना का हुआ चयन गाज़ीपुर। उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग द्वारा आयोजित विज्ञापन संख्या 02/2022 के अंतर्गत हिन्दी प्रवक्ता पद पर आरक्षी आराधना के चयन से उनके परिवार, गुरुजन एवं शुभचिंतकों में हर्ष व्याप्त है। मूल रूप से मिर्जापुर जनपद की निवासी आराधना वर्तमान में  यूपी पुलिस विशेष शाखा,गाज़ीपुर कार्यरत हैं। सेवा दायित्वों का निर्वहन करते हुए उन्होंने निरंतर अध्ययन, अनुशासन एवं कठिन परिश्रम के बल पर हिन्दी प्रवक्ता पद पर सफलता अर्जित की है। अपनी इस सफलता का श्रेय आराधना ने ईश्वर की कृपा, अपने गुरु राजकुमार यादव के मार्गदर्शन, माता शकुंतला देवी एवं पिता लालचंद यादव के आशीर्वाद को दिया है। उन्होंने अपनी टेलीग्राम की सहपाठी सुधा यादव के सतत सहयोग तथा उत्तर प्रदेश पुलिस में अपने सहयोगी सरिता यादव एवं गृह लक्ष्मी शुक्ला के प्रोत्साहन और सहयोग को भी अपनी सफलता का महत्वपूर्ण आधार बताया। उनकी इस उल्लेखनीय उपलब्धि पर सहकर्मियों, शिक्षकों, परिजनों एवं शुभचिंतकों ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उन्हें उज्ज्वल भविष्य के लिए हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ द...

रक्षा मंत्रालय पहले से अधिक मजबूत और आत्मनिर्भर : कृपाशंकर सिंह

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रक्षा मंत्रालय पहले से अधिक मजबूत और आत्मनिर्भर : कृपाशंकर सिंह  नई दिल्ली। आत्मनिर्भर भारत की नीतियों और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के कुशल नेतृत्व में रक्षा मंत्रालय पहले से अधिक आत्मनिर्भर हुआ है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दूरदर्शिता और पक्का इरादा ने आज भारत को इतना मजबूत कर दिया है कि विश्व की महाशक्तियां भी हमारे देश श्री शक्ति का लोहा मान रही हैं। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के जन्मदिन पर नई दिल्ली स्थित उनके आवास पर उन्हें शुभकामनाएं देने के बाद पत्रकारों से बात करते हुए महाराष्ट्र के पूर्व गृह राज्यमंत्री कृपाशंकर सिंह ने उपरोक्त बातें कही। उन्होंने कहा कि देश की सुरक्षा के लिए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के इरादे फौलाद की तरह मजबूत हैं। वे लोह पुरुष सरदार पटेल की तरह मजबूत और अडिग निर्णय लेते हैं। इस अवसर पर उत्तर प्रदेश भाजपा प्रवक्ता ओम प्रकाश सिंह भी उपस्थित रहे।

राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा द्वारा ‘स्टार्टअप फ्रंटियर 1.0’ कार्यशाला का उद्घाटन

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राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा द्वारा ‘स्टार्टअप फ्रंटियर 1.0’ कार्यशाला का उद्घाटन मुंबई। ज्ञान को नवोन्मेषी समाधानों में, चुनौतियों को अवसरों में तथा विचारों को उद्योगों में रूपांतरित करने की क्षमता ही आज की आर्थिक प्रगति की वास्तविक शक्ति है। इसलिए विश्वविद्यालय केवल डिग्री प्रदान करने वाले संस्थान न रहकर नवाचार, बौद्धिक संपदा, स्टार्टअप्स तथा सामाजिक परिवर्तन के केंद्रों के रूप में विकसित हों, ऐसा प्रतिपादन मा. राज्यपाल श्री जिष्णु देव वर्माजी ने किया।यशवंतराव चव्हाण प्रतिष्ठान में कौशल, रोजगार, उद्यमिता एवं नवाचार विभाग के अंतर्गत रतन टाटा महाराष्ट्र राज्य कौशल विश्वविद्यालय तथा आई स्पार्क फाउंडेशन द्वारा आयोजित दिवसीय सम्मेलन एवं प्रदर्शनी ‘स्टार्टअप फ्रंटियर 1.0’ का उद्घाटन राज्यपाल के करकमलों द्वारा किया गया। इस अवसर पर कौशल, रोजगार, उद्यमिता एवं नवाचार मंत्री मंगल प्रभात लोढ़ा, अतिरिक्त मुख्य सचिव मनीषा वर्मा, रतन टाटा महाराष्ट्र राज्य कौशल विश्वविद्यालय की कुलगुरु डॉ. अपूर्वा पालकर, एचपी इंडिया की वरिष्ठ उपाध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक इप्सिता दासगुप्ता, कौशल व...

मोदी के बाद ,देश की जनता लौह पुरुष अमित शाह को प्रधानमंत्री के रूप में देखना चाहती है– श्रीनिवासानन्द महाराज

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मोदी के बाद ,देश की जनता लौह पुरुष अमित शाह को प्रधानमंत्री के रूप में देखना चाहती है – श्रीनिवासानन्द महाराज भारतीय राजनीति में कुछ ऐसे नाम रहे जो सिर्फ पद नहीं. युग का प्रतीक बन गए। वर्तमान गृहमंत्री के रूप में अमित शाह का नाम उसी मुकाम पर पहुंच गया है। संगठन से लेकर सुरक्षा तक, हर मोर्चे पर उनके निर्णयों ने भारत को आंतरिक रूप से मजबूत और वैश्विक मंच पर आत्मविश्वासी बनाया है। यही कारण है कि 2024 के बाद प्रधानमंत्री पद के लिए उनका नाम सबसे प्रमुख दावेदार के रूप में उभर रहा है। गृहमंत्री के रूप में सराहनीय कार्य 1. अनुच्छेद 370 की समाप्ति-कश्मीर का एकीकरण 5 अगस्त 2019 को अमित शाह ने संसद में अनुच्छेद 370 और 35A हटाने का ऐतिहासिक प्रस्ताव रखा। दशकों से चली आ रही "अलगाव की दीवार एक झटके में गिर गई। परिणामः कश्मीर अब पूरी तरह भारत का अभिन्न अंग है, वहाँ निवेश बढ़ा, पत्थरबाजी रुकी, और पर्यटन 10 गुना बढ़ गया। एक राष्ट्र, एक संविधान का सपना पूरा हुआ। 2. CAA - शरणार्थियों को नागरिकता, मानवता की जीत नागरिकता संशोधन कानून 2019 के जरिए पाकिस्तान, अफगानिस्तान, बांग्लादेश से प्रता...